LATEST NEWS
थाना कर्नलगंज पुलिस ने चोरी के माल की खरीद-फरोख्त में संलिप्त आरोपी अभियुक्त को किया गिरफ्तार
माँ सम्मय माता मंदिर मे श्रद्धालुओं ने दिया स्वच्छता मे श्रमदान, चमकाया मंदिर परिसर
पत्नी कि हत्या कर उसका शव जलाने वाले पति को नवाबगंज पुलिस ने किया गिरफ्तार
दिव्यांग महिला की जमीन पर दबंगों की नजर, 1090 पर शिकायत के बाद भी नहीं हटा कथित अतिक्रमण
कर्नलगंज पुलिस ने आत्महत्या के लिए दुष्प्रेरित करने के आरोपी अभियुक्त को किया गिरफ्तार
थाना नवाबगंज पुलिस ने अवैध तमंचे के साथ 01 अभियुक्त को किया गिरफ्तार
हर घर तिरंगा अभियान मे आकांक्षा द्विवेदी ने हासिल किया प्रथम स्थान
दिल्ली में 22 हजार करोड़ के चावल घोटाले पर सियासत तेज, रेखा गुप्ता सरकार ने मांगा जवाब और जांच
तरबगंज जनप्रिय विधायक प्रेम नारायण पाण्डेय : जनसेवा और विकास के संकल्प का नाम

बेखौफ चौकी इंचार्ज ने तहरीर फाड़ कर नाबालिक रेप पीडिता को भगाया, थानेदार ने आश्वासन देकर टरकाया

पीड़िता की मां पहुंची डीएम व एसपी के दरबार, लगाया न्याय की गुहार

एन.के मौर्य (चीफ एडीटर) 

गोंडा।  जिले के छपिया थाने मे रेप जैसे संगीन मामलों को भी दरकिनार करके पीड़ितों को न्याय दिलाने की बजाय उन्हें आश्वासन की घुट्टी पिलाकर उल्टे पैर वापस कर दिया जाता है। यहां चौकी इंचार्ज से लेकर कोतवाल तक मानवता को शर्मसार करके कानून से खिलवाड़ कर रहे हैं।    मसकनवा चौकी इंचार्ज ने तहरीर को फाड़कर रेप पीड़िता की मां को चौकी से भगाया जबकि कोतवाल ने आश्वासन की घुटी पिलाकर उसे थाने से टरकाया। दबंगों से डरी सहमी पीड़िता ने अब एसपी के चौखट पर जाकर न्याय की गुहार की है। 

प्रकरण छपिया थाना क्षेत्र के एक गांव का है जहां की रहने वाली एक महिला ने  गोंडा एसपी विनीत जायसवाल को दिए गए प्रार्थना पत्र में दर्शाया है कि उसका पति रोजी रोटी के लिए दिल्ली रहता है। घर पर सिर्फ चार बेटियां हैं,  जिनमे बड़ी बेटी 15 वर्ष की नाबालिक छात्रा है। महिला का आरोप है कि  दिनांक 12 मई दिन सोमवार को उसकी नाबालिग बेटी जब खेत में लगे आम के पेड़ की  रखवाली करने गई थी, उसी वक्त वहां बगल के खेत में पानी भरने गए दबंग युवक ने उसे जबरन पटक कर उससे बलात्कार किया। साथ ही धमकी दी कि अगर किसी को बताओगी की तो जान से मार देंगे। रेप पीड़िता नाबालिग बेटी ने रोते बिलखते हुए अपनी मां को सारी बात बतायी, यह सुनकर रेप पीड़िता की मां के होश उड़ गए। उसने मसकनवा पुलिस चौकी में जाकर पूरी वारदात की तहरीर दी। जिसे देख चौकी इंचार्ज बौखला उठे और उसके तहरीर को फाड़ते हुए उसे भाग दिया। पीड़िता ने तत्पश्चात छपिया थाने का रुख अख्तियार किया। जहां के थानेदार ने  कार्यवाही करने की बजाय उसे आश्वासन का घूंट पिलाकर वहां से टरका दिया।

पीड़िता के परिजन का कहना है कि थानेदार ने बाद में घटना स्थल पर पहुंचकर मामले का जायजा लिया था, मगर कार्यवाही से कतराते रहे। थक हार कर पीड़िता ने एसपी विनीत जायसवाल के साथ ही जिलाधिकारी नेहा शर्मा के चौखट पर जाकर न्याय की गुहार की। जहां  एसपी द्वारा कार्यवाही का आश्वासन दिया गया है। आदेश । कितनी हैरानी की बात है कि एक तरफ कानून को पटरी पर लाने के लिए जहां सीएम योगी आये दिन कानून के रखवालों को सख्त हिदायत दे रहे हैं कि फरियादियों को  तत्काल न्याय दिलाया जाए, वहीं मसकनवा पुलिस चौकी का बेखौफ चौकी इंचार्ज व छपिया थाने का थानेदार कानून को अपना जागीर समझकर उससे खुलेआम खिलवाड़ कर रहे हैं। और पीड़ितों को दुश्वारियों के दल दल में धकेल कर खाकी को शर्मसार कर रहे हैं। अब देखना तो यह है कि डरे सहमे पीड़िता को कहां तक न्याय मिल पाता है। इस संदर्भ में जब थानेदार से बात करने की कोशिश की गई तो उन्होंने कहा कि मैं अभी मीटिंग में हूं, कुछ देर में फोन करता हूँ। बहरहाल खबर लिखे जाने तक थानेदार से दोबारा बात नहीं हो पाई है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top